Big News::त्रिशूल उठा-डमरू बजा के CM पुष्कर का जबर्दस्त हुंकार! बोले-किताब-हुनर वाले हाथों में नशा नहीं होना चाहिए:युवाओं की आँखों में विकसित भारत-आत्मनिर्भर भारत नजर आता है:जन्मदिन पर युवाओं के साथ फूलों की बारिश में नहाए
युवाओं को शिक्षा, कौशल, रोजगार, स्वरोजगार, स्टार्टअप और खेल में आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध करा रही सरकार

Chetan Gurung
CM पुष्कर सिंह धामी ने अपने 51वें जन्मदिन पर युवाओं से अटे-सजे मंच पर शिव का त्रिशूल उठा के और डमरू बजा के एक किस्म से शंखनाद किया कि वह न सिर्फ मजबूती से एक और Assembly Elections में BJP को जीत दिलाने का अहम जिम्मा उठाने जा रहे, बल्कि PM नरेंद्र मोदी और HM अमित शाह के विकसित भारत की राह को देवभूमि से निष्कंटक बनाएँगे। Rangers College Ground पर आयोजित `युवा संकल्प दिवस’ आयोजन में उन्होंने भरपूर आत्मविश्वास के साथ कहा कि युवाओं की ऊर्जा, उत्साह और संकल्प उन्हें भी निरंतर नई ऊर्जा प्रदान करता है। युवाओं की आंखों में उन्हें भविष्य का विकसित और आत्मनिर्भर उत्तराखण्ड दिखाई देता है। PM मोदी के वर्ष-2047 तक विकसित भारत के निर्माण के संकल्प को साकार करने में युवाओं की भूमिका सबसे अधिक अहम होगी।












पुष्कर जब मंच पर पतलून-कमीज और आधी बांह की जैकेट में आए तो उन पर लोगों ने फूलों की एक किस्म से बारिश कर दी। वह हाथ हिलाते हुए और कइयों की हाथ मिलाने की इच्छा पूरी करते हुए निकले। उन्होंने कहा की वर्ष 2047 में जब देश स्वतंत्रता के 100 वर्ष पूर्ण करेगा, तब आज की युवा पीढ़ी विभिन्न क्षेत्रों में देश और प्रदेश के विकास का नेतृत्व कर रही होगी। विकसित भारत के निर्माण के लिए विकसित उत्तराखण्ड के संकल्प को साकार करने में युवाओं की प्रतिभा, परिश्रम और नवाचार महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।



PSD ने कहा कि उत्तराखण्ड का युवा मेहनती, प्रतिभाशाली, अनुशासित और चुनौतियों का सामना करने में सक्षम है। युवाओं को सही दिशा, बेहतर अवसर और पारदर्शी वातावरण उपलब्ध कराना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। सरकार शिक्षा से कौशल, रोजगार से स्वरोजगार और स्टार्टअप से खेल तक प्रत्येक क्षेत्र में युवाओं के लिए नए अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। सरकार का प्रयास है कि प्रदेश के युवाओं को अपने सपनों को साकार करने के लिए मजबूरी में अपना घर, गांव और प्रदेश न छोड़ना पड़े।
उन्होंने कहा कि युवा केवल रोजगार तलाशने वाले न बनें, बल्कि उद्यमिता के माध्यम से रोजगार सृजित करने वाले भी बनें। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, रोबोटिक्स, ऑटोमेशन और डिजिटल टेक्नोलॉजी रोजगार तथा उद्योग के स्वरूप को तेजी से बदल रहे हैं। राज्य सरकार युवाओं को भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप आधुनिक कौशल से जोड़ने पर विशेष ध्यान दे रही है। पर्यटन, होम स्टे और स्थानीय उत्पादों के माध्यम से भी स्वरोजगार के नए अवसर तैयार किए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पर्वतीय क्षेत्रों में औद्योगिक विकास और स्थानीय स्तर पर रोजगार को बढ़ावा देने के लिए चमोली, पौड़ी और अल्मोड़ा में विशेष औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने का निर्णय लिया गया है। राज्य युवा आयोग का गठन युवाओं की आशाओं और आकांक्षाओं को नीति निर्माण से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। सरकार चाहती है कि युवाओं से संबंधित नीतियों के निर्माण में उनकी आवाज और भागीदारी भी सुनिश्चित हो।
उन्होंने कहा कि युवा आयोग कौशल विकास, रोजगार, उद्यमिता और नवाचार को बढ़ावा देने के साथ युवाओं को डिजिटल रूप से सशक्त बनाने तथा नशे, साइबर अपराध और अन्य सामाजिक बुराइयों के प्रति जागरूक करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उत्तराखण्ड के युवा खेल के क्षेत्र में भी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश का नाम रोशन कर रहे हैं। 38वें राष्ट्रीय खेलों के सफल आयोजन के बाद देवभूमि उत्तराखण्ड खेलभूमि के रूप में भी अपनी नई पहचान बना रही है।
CM पुष्कर ने कहा कि राज्य सरकार खेल सुविधाओं के विकास और खिलाड़ियों को बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के लिए लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रियाओं को पारदर्शी बनाने और मेहनती युवाओं के भविष्य की रक्षा के लिए राज्य में कठोर नकल विरोधी कानून लागू किया गया है। सरकार का संकल्प है कि किसी भी युवा की वर्षों की मेहनत, उसके सपनों और उसके अधिकार के साथ अन्याय न हो। कोई भी नियुक्ति केवल एक आंकड़ा नहीं होती, उसके पीछे किसी युवा की मेहनत और उसके परिवार की आशाएं जुड़ी होती हैं। युवाओं को बड़े लक्ष्य निर्धारित करने चाहिए और उन्हें प्राप्त करने के लिए समर्पण के साथ मेहनत करना होगा।
पुष्कर ने स्वामी विवेकानंद के संदेश “उठो, जागो और तब तक मत रुको, जब तक लक्ष्य की प्राप्ति न हो जाए” का उल्लेख करते हुए कहा कि युवा मेहनत को अपनी आदत, अनुशासन को अपनी पहचान और सीखने की इच्छा को जीवन का हिस्सा बनाएं। उन्होंने युवाओं से तकनीक और मोबाइल का सकारात्मक उपयोग करने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि डिजिटल माध्यमों का उपयोग केवल मनोरंजन के लिए नहीं, बल्कि ज्ञान और कौशल बढ़ाने के लिए भी किया जाना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सोशल मीडिया के दौर में आधी-अधूरी और भ्रामक सूचनाओं से सतर्क रहते हुए युवाओं को प्रत्येक जानकारी को तथ्यों की कसौटी पर परखना चाहिए। युवाओं को नशे दूर रहना चाहिए। ये सपनों और भविष्य को भी प्रभावित करता है। उन्होंने कहा कि जिन हाथों में किताब और हुनर होना चाहिए, उनमें नशा नहीं होना चाहिए। अपने जन्मदिवस पर युवाओं से “तीन संकल्पों का गुलदस्ता” भी मांगा।
उन्होंने युवाओं से पहला संकल्प जीवन में एक बड़ा लक्ष्य निर्धारित कर उसे प्राप्त करने के लिए पूरी मेहनत करने, दूसरा संकल्प स्वयं नशे से दूर रहने और अपने साथियों को भी इससे दूर रखने तथा तीसरा संकल्प जीवन में जिस भी क्षेत्र में सफलता प्राप्त करें, अपने ज्ञान, अनुभव और सामर्थ्य का कुछ अंश उत्तराखण्ड की पावन भूमि के विकास के लिए देने का लेने को कहा। मुख्यमंत्री ने कहा कि युवा डॉक्टर बनें, इंजीनियर बनें, वैज्ञानिक बनें, खिलाड़ी बनें, शिक्षक बनें, उद्यमी बनें अथवा जनसेवा के क्षेत्र में जाएं, सबसे पहले एक अच्छा इंसान और जिम्मेदार नागरिक अवश्य बनें।
इस अवसर पर मंत्री खजान दास, गणेश जोशी, राज्यसभा सांसद एवं भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष महेन्द्र भट्ट, राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, विधायक विनोद चमोली,सविता कपूर, बृजभूषण गैरोला, मेयर देहरादून सौरभ थपलियाल,BJP प्रदेश महामंत्री दीप्ति रावत भारद्वाज,पुनीत मित्तल,नेहा जोशी और BJP शहर अध्यक्ष सिद्धार्थ अग्रवाल भी उपस्थित थे।



