
Chetan Gurung
CM पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में पहली बार हुई House Full मंत्रिमंडल की बैठक में आज तमाम अहम फैसले हुए। Uniform Service में सीधी भर्ती की सेवा नियमावली 3 वर्ष पुरानी ही फिलहाल जारी रखने के प्रस्ताव को मंजूरी मिली। न्यायिक अधिकारियों को Soft Loan के प्रस्ताव को भी मंजूरी मिली। बैठक में मुख्यमंत्री ने हाल ही में बने नए मंत्रियों का स्वागत करते हुए उन्हें शुभकामनाएं दीं। राज्य के विकास कार्यों में उनके सक्रिय योगदान की अपेक्षा भी प्रकट की।
हाल ही में 5 नए मंत्रियों ने शपथ ली। इसके साथ ही 12 का मंत्रिमंडल पहली बार पूरा हुआ। मुख्यमंत्री ने सरकार के चार वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से प्राप्त शुभकामना संदेश के संबंध में मंत्रिमंडल को अवगत कराया। मुख्य सचिव आनंदबर्द्धन ने प्रधानमंत्री के संदेश को पढ़ा। प्रधानमंत्री के शुभकामना संदेश पर मंत्रिमंडल ने आभार व्यक्त करते हुए इसे राज्य सरकार के लिए प्रेरणादायक बताया।


-मंत्रिमंडल ने ये अहम फैसले लिए-
1.PWD के ADB (एशियाई विकास बैंक) समर्थित पुल सुधार परियोजना उत्तराखण्ड के तहत ली गई कंसलटेंसी के 1 करोड़ से ऊपर की धनराशि के टेण्डर को अनुमोदन।
2-न्याय विभाग के अन्तर्गत उत्तराखण्ड राज्य में सेवारत न्याययिक अधिकारियों को वाहन क्रय करने के लिए नॉमिनल इंटरेस्ट रेट पर 10 लाख रूपये तक Soft Loan की सुविधा अनुमान्य। इसके तहत इंटरेस्ट रेट Electrical वाहनों के लिए 4 प्रतिशत तथा अन्य वाहनों के लिए 5 प्रतिशत है।
3-वन विभाग के अन्तर्गत मुख्य प्रशासनिक अधिकारी पद के लिए न्यूनतम सेवा के लिए 25 वर्ष के प्राविधान को घटाकर 22 वर्ष करने को मंजूरी।
4-ऊर्जा विभाग की प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के अन्तर्गत भारत सरकार के साथ ही राज्य सरकार की सब्सिडी दी जा रही थी। इसको समाप्त कर दिया गया था। इसके तहत 31 मार्च, 2025 तक जिन लोगों के संयत्र लग चुके थे, उनको इस सब्सिडी का लाभ दिए जाने के प्रस्ताव को मंजूरी।
5-उच्च शिक्षा विभाग के अन्तर्गत उत्तराखण्ड निजी विश्वविद्यालय अधिनियम 2023 की धारा 36 के प्रावधानानुसार स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय, देहरादून से संबंधित या उससे अनुषांगिक विषयों का उपबन्ध एवं नियमन करने के लिए परिनियम के प्रख्यापन को मंजूरी।
6-गृह विभाग के अन्तर्गत वर्ष 2025 में उत्तराखण्ड लोक और निजी सम्पत्ति वसूली अधिनियम बनाया गया था। नियमावली बनाने के लिए परामर्शी विभागों (वित्त, न्याय और विधायिकी) से परामर्श लेकर नियमावली लागू करने की अनुमति।
7-गृह विभाग के अन्तर्गत उत्तराखण्ड होमगार्ड्स समूह ‘क‘ एवं ‘ख‘ सेवा संशोधन नियमावली के प्रख्यापन को अनुमति। इसके तहत वर्ष 2024 में होम गार्ड्स विभाग के अन्तर्गत केन्द्रीय प्रशिक्षण संस्थान के लिए कमाडेंट का पद सृजित किया गया था। इसकी नियमावली न बनने के कारण प्रमोशन बाधित हो रहे थे।
8-गृह विभाग के अन्तर्गत भारतीय न्याय संहिता लागू होने के बाद डिजिटाइजेशन की व्यवस्था और कम्प्यूटर आधारित अन्वेषण की व्यवस्था की गई थी। इसके तहत पुलिस कार्मिकों को कई तरह की ट्रेनिंग देने के लिए भारत सरकार की सेवा प्रदाता संस्था ‘नेशनल इंस्ट्यूट फार इलेक्ट्रोनिक्स एण्ड इन्फारमेशन टैक्नोलाजी‘ (IT विभाग) विशेषज्ञों की नियुक्ति को अनुमोदन।
9-कार्मिक विभाग के अन्तर्गत वर्दीधारी सिपाही पदों और वर्दीधारी उप निरीक्षक पदों (पुलिस, PAC,IRB, प्लाटून कमान्डर, अग्निशमन अधिकारी, वन दरोगा) की सीधी भर्ती के लिए वर्ष 2023 में एकीकृत नियमावली बनाई गई थी। इसके तहत कुछ पदों के लिए आयु सीमा और हाइट बढ़ी-घटी थी। इस संबंध में आगामी तीन वर्ष तक पूर्व की नियमावली की व्यवस्था बनाए रखने को मंजूरी।
10-माध्यमिक शिक्षा के अन्तर्गत न्यायालय के निर्णयानुसार एडेड स्कूल बनने से पूर्व शिक्षकों की सेवा को प्रोन्नति के लिए मान्य करने संबंधी प्रस्ताव को Cabinet Sub Committee के गठन को मंजूरी।
11-खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के अन्तर्गत रवि विपणन सत्र 2026-27 में विकेन्द्रीयकरण के अन्तर्गत मूल्य समर्थन के लिए गेहूं खरीद के प्रस्ताव को भारत सरकार से घोषित न्यूनतम समर्थन मूल्य 2585 रूपये प्रति कुन्तल का लाभ देने के प्रस्ताव को अनुमोदन। राजकीय कृषकों से 2.2 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीदी का लक्ष्य भी रखा गया।
12-खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग के अन्तर्गत भारत सरकार से निर्धारित न्यूनतम समर्थन मूल्य पर रबी और खरीफ सत्रों में की जाने वाली गेहूं और धान खरीद पर भारत सरकार से अनुमन्य मण्डी शुल्क 2 प्रतिशत ही लेने के प्रस्ताव को मंजूरी।
13-उद्योग विभाग की नई योजना ‘उत्तराखण्ड वीर उद्यमी योजना 2026‘ को मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना की सप्लीमेंटरी योजना के तहत प्रस्तावित किया गया है। इसके तहत मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के लक्ष्य के सापेक्ष 10 प्रतिशत लक्ष्य पूर्व सैनिक एवं पूर्व अग्निवीरों के लिए आरक्षित रखा जाएगा। परिवार में पति-पत्नी दोनों ही पूर्व सैनिक या पूर्व अग्निवीर हैं, तो दोनों को लाभ देने तथा 5 प्रतिशत सब्सिडी भी देने को मंजूरी। इसके तहत पर्वतीय क्षेत्रों के लिए 2 लाख रूपये तक में 30 प्रतिशत, 2 से 10 लाख तक में 25 प्रतिशत तथा 10 से 25 लाख रूपये में 30 प्रतिशत की सब्सिडी दी जाएगी। मैदानी क्षेत्रों में 2 लाख रूपये तक में 25 प्रतिशत, 2 से 10 लाख तक में 20 प्रतिशत तथा 10 से 25 लाख रूपये में 15 प्रतिशत की सब्सिडी दी जाएगी।
14-नियोजन विभाग के अन्तर्गत राज्य योजना आयोग के स्थान पर सेतु आयोग के गठन, उसके कार्यक्षेत्र एवं संगठनात्मक ढांचा निर्माण के प्रस्ताव को अनुमति।
15-विधायी और संसदीय विभाग के अन्तर्गत उत्तराखण्ड की पंचम विधान सभा सत्र 2026 का सत्रावसान करने के प्रस्ताव को अनुमोदन।



