
Chetan Gurung
Summer Capital चमोली के गैरसैण स्थित भराड़ीसैण में मंगलवार से शुरू हो रहे विधानसभा सत्र के दौरान सत्तारूढ़ BJP और Congress के मध्य इस बार झमाझम संघर्ष मुमकिन है और इसके आसार भी हैं। उत्तरकाशी की प्रलयंकर बारिश-त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों में Congress के आखिरी जंग में बुरी तरह छिन्न-भिन्न हो जाने-उसके समर्थित विजयी प्रत्याशियों की पलटी मार के कमल के फूल पर सवार होने से Congress बुरी तरह बिफरी हुई है। पहाड़ के अगर्म मौसम में सरकार-BJP की घेराबंदी करने में LoP यशपाल आर्य-प्रीतम सिंह की संयुक्त अगुवाई में मुख्य विपक्षी दल पूरे दमखम के साथ रंग जमा पाएगा या फिर फुस्स पटाखा साबित होगा, इस पर राजनीतिक समीक्षक पैनी निगाह जमाए रहेंगे। सरकार पर आक्रामक हमलों की Congress की कोशिशें उत्तराखंड सियासत के चाणक्य के तौर पर स्थापित हो रहे CM पुष्कर सिंह धामी की चतुर चालों और फैसलों के आगे टिक पाएँगी या फिसल के गिर पड़ेंगी, ये देखना भी अहम होगा।
CM Pushkar Singh Dhami with party General Secretary Dushyant Kumar Gautam and BJP MLAs during the meeting in Bhararisain today
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12 में से 11 जिला पंचायत अध्यक्ष की सीट जीत कर और नैनीताल जिला पंचायत अध्यक्ष की बाजी भी तकरीबन झोली में लिए आत्म विश्वास से बेहद लबरेज़ मुख्यमंत्री पुष्कर को सदन में परेशान करना या कड़ी चुनौती दे पाना खुद Congress के लिए कड़ी चुनौती होगी। बड़े फैसलों से पूरे देश को चौंकाते रहने में यकीन रखने और केंद्र तथा अन्य राज्य सरकारों को भी उत्तराखंड सरीखे सख्त कानूनों तथा कदमों के लिए प्रेरित करने वाले CM PSD की Body Language भले हर वक्त संतुलित और संयमित दिखती है लेकिन उनके प्रहार और कदम बेहद आक्रामक-मारक-असरदार साबित होते रहते हैं।
पहले दिन सदन में माहौल गरम रहने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता है। Congress दो अहम मुद्दों पर हमलावर तेवर अपनाएगी। वह उत्तरकाशी आपदा राहत को ले के सरकार पर बमबारी-निशानेबाजी करने में कसर नहीं छोड़ेगी। जिला पंचायत अध्यक्ष और BDC प्रमुखों के चुनावों में अपनी शिकस्त को ले के वह खामोश नहीं बैठेगी। देहरादून को छोड़ के बाकी हर घोषित नतीजे खिलाफ जाने से Congress बेहद तल्ख अंदाज अपनाए हुए है। नैनीताल जिला पंचायत अध्यक्ष चुनाव अभी होने हैं। HC में ये मामला चल रहा। तालों से सज्जित नैनीताल में Law and Order को ले के भी काँग्रेस उबली हुई है।
उसका आरोप है कि उसके Voters (जिला पंचायत सदस्य) BJP के हाथों किडनैप कर लिए गए। उसको झटका तब लगा जब किडनैप बताए जा रहे Members ने Video जारी कर मर्जी से गुप्त स्थान पर रहने का दावा किया। आलम ये है कि अब नैनीताल सीट भी BJP के पाले में जाना तयशुदा लग रहा। इन दोनों मुद्दों पर सरकार को घेरने में Congress को सफलता मिलती है तो ये उसके लिए उपलब्धि होगी। इसके लिए उसको सदन में संघे शक्ति का अंदाज दिखाना होगा। ऐसे कई मौके आए हैं जब वह विपक्ष में रहने के बावजूद सरकार के खिलाफ सदन में एकता दिखाने में नाकाम रही। सरकार कंधे झटकते हुए मुस्कुराहट बिखेरती विजयी भाव से सदन से बाहर निकली।
ऐसे भी नजारे सामने आए जब Congress के सदस्य को Speaker डांटती-डपटती रही लेकिन सदन में विपक्षी सदस्य खामोशी ओढ़े सरकार की मूक मदद करते दिखे। मुख्यमंत्री पुष्कर को विपक्षियों के साथ भी गहरे और मजबूत रिश्ते बनाने में माहिर समझा जाता है। समीक्षक मानते हैं कि ये उनकी लाजवाब सियासी काबिलियत है जो Congress को उसने मित्र विपक्ष सा बना के जर्जर बना के छोड़ा है। इसके चलते सरकार को अपने हिसाब से सदन को Drive करने का मौका मिल रहा। ये भी देखने लायक रहेगा कि क्या Congress खुद को मित्र विपक्ष की छवि से बाहर निकालने की कोशिश करेगी!
विपक्ष के नरम रुख से उन मंत्रियों को बहुत राहत मिलती है, जिनके पास सवालों के ठोस जवाब नहीं होते हैं या फिर तैयारी करने में आलस कर जाते हैं और सदन में अपनी किरकिरी कराने का पूरा बंदोबस्त खुद ही करते हैं। विपक्षी सदस्य सबसे अधिक मदद उनकी ही करते हैं।
सदन में सरकार और BJP की रणनीति क्या रहेगी, इस पर आज गैरसैण में उसके विधायकों की बैठक हुई। पार्टी के प्रदेश प्रभारी दुष्यंत कुमार गौतम की मौजूदगी में CM PSD ने कई नसीहतें और गुर सदन में विपक्ष को हावी न होने देने और ट्रेजरी बेंच का बोलबाला बनाए रखें के लिए दिए। सुबह भराड़ीसैण पहुँचने पर हेलीपैड पर MLA अनिल नौटियाल-किशोर उपाध्याय-भूपाल राम टमटा ने मुख्यमंत्री का गुलदस्तों से खैर मकदम किया।