अंतरराष्ट्रीयउत्तराखंडदेशराष्ट्रीय

CS आनंदबर्द्धन ने सरकार-Army के अफसरों से कहा,`उत्तरकाशी में Road-Power-Communications जल्द बहाल करना Top Priority’:IAS अफसर 1 दिन की पगार पीड़ितों की मदद को देंगे

Chetan Gurung

Chief Secretary आनंद बर्द्धन ने गुरुवार को राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र में सरकार और Army के Top Officers से कहा कि उत्तरकाशी के धराली में आपदा पीड़ितों को जल्द से जल्द बिजली-सड़क-पीने का पानी और संचार सुविधाएं बहाल करना Top Priority है। उन्होंने क्षतिग्रस्त सड़कों सचिव (PWD) डॉ पंकज पांडे और BRO अफसरों से कहा कि सड़कें खोलने के लिए जो भी संसाधन चाहिए, वह जल्द से जल्द उपलब्ध कराए जाएंगे। मातली को Rescue Operations के Strategic Area बनाने को कहा। गंगोत्री, हर्षिल तथा अन्य क्षेत्रों में फंसे लोगों और बच्चों के लिए भोजन, पानी, दूध के साथ ही अन्य आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता सुनिश्चित करें।

सचिव (Home) शैलेश बगोली, DGP दीपम सेठ, Principal Secretary RK Sudhanshu-GoC (उत्तराखण्ड Sub Area) मेजर जनरल MPS गिल, ADG अजय प्रकाश अंशुमन, सचिव डॉ. पंकज कुमार पाण्डेय, सचिव डॉ. R राजेश कुमार, सचिन कुर्वे, Secretary (DM) Vinod Suman-IG (Fire) मुख्तार मोहसिन, ACEO (प्रशासन) आनंद स्वरूप, ACEO (E) DIG राजकुमार नेगी बैठक में मौजूद थे। ये तय हुआ कि चिन्यालीसौंड़ में चिनूक और MI-17 हेलीकाप्टर तैनात रखे जाएंगे। इससे राहत कार्यों में कम वक्त लगेगा। अभी ये चॉपर देहरादून Park हो रहे।

मुख्य सचिव ने सचिव R राजेश को निर्देश दिए कि धराली आपदा में घायल लोगों को श्रेष्ठ उपचार दिया जाए। डाक्टरों-अन्य चिकित्सा स्टाफ तथा दवाइयों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करें। Single Pointe of Contact स्थापित करें। VC के माध्यम से DMs से प्रदेश में हो रही वर्षा से उत्पन्न स्थिति की जानकारी ली। आपदा प्रबंधन विभाग के अधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए।

उत्तराखण्ड IAS Association ने धराली-हर्षिल आपदा पीड़ितों की सहायता के लिए एक दिन की पगार देने का फैसला किया। ये पैसा मुख्यमंत्री राहत कोष में जमा किया जाएगा। एसोसिएशन के सचिव दिलीप जावलकर ने बताया कि उत्तराखण्ड में आई भीषण आपदा Association के President LA फैनई की अध्यक्षता में हुई बैठक में राज्य में कुदरती कहर और इसकी मार से पैदा हालात पर गंभीरता के साथ विचार किया गया।

बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि उत्तराखण्ड राज्य के समस्त भारतीय प्रशासनिक सेवा अधिकारी एक दिन का वेतन मुख्यमंत्री राहत कोष में स्वेच्छा से देंगे। यह निर्णय एसोसिएशन ने आपदा पीड़ितों के प्रति मानवीय संवेदनशीलता और सामाजिक उत्तरदायित्व के के मद्देनजर लिया। Association ने बैठक में ये भी अपेक्षा Members से की कि वे संवेदना और उत्तरदायित्व के साथ अपना पूर्ण सहयोग प्रदान करें।

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button